जानिए संघ मुक्त भारत के लिए नीतीश कैसे कर रहे हैं मोर्चाबंदी!

nitish kumar bihar cmनरेंद्र नाथ.नई दिल्ली। 
मिशन 2019 पर जुटे बिहार के सीएम नीतीश कुमार इनटॉलरेंस डिबेट के बाद अवॉर्ड वापसी करने वाले साहित्यकारों से मिलेंगे। सूत्रों के अनुसार मंगलवार को नीतीश दिल्ली में लगभग तीन दर्जन साहित्यकारों और बुद्धिजीवियों से मिलेंगे। इसमें साहित्य अकैडमी पुरस्कार से सम्मानित साहित्यकार अशोक वाजपेयी भी शामिल हैं। अशोक वाजपेयी ने मीटिंग होने की बात को स्वीकार किया लेकिन इसे राजनीतिक अजेंडा वाला नहीं बताया। नीतीश कुमार के करीबियों के अनुसार संघ मुक्त भारत के अपने मिशन के तहत समाज के हर तबके से नीतीश नियमित तौर पर मिल रहे हैं, जिसके तहत ही यह मीटिंग एक हिस्सा है। इससे पहले 13 जून को जेपी के तमाम पुराने सहयोगियों के साथ नीतीश ने एक मीटिंग की थी। इसमें लगभग दो सौ जेपी के पुराने सहयोगी शामिल हुए थे। मीटिंग में तय हुआ कि जेपी के सभी पुराने सहयोगी पूरे देश से एक मंच पर जुटेंगे। नीतीश कुमार ने पिछले दिनों कांग्रेस मुक्त भारत के बीजेपी मिशन के काउंटर में संघ मुक्त भारत मिशन की घोषणा की थी।
सूत्रों के अनुसार साहित्यकारों की मीटिंग के बहाने नीतीश खास वर्ग तक अपनी बात पहुंचाना चाहते हैं जो उनके मिशन 2019 का हिस्सा है। यह सारे साहित्यकार वहीं हैं जिनके नेतृत्व में पिछले साल दादरी कांड के बाद देश में अवॉर्ड वापसी की शुरुआत हुई थी। इस आंदोलन से मोदी सरकार पर सवाल उठे थे और इस आंदोलन की गूंज पूरे विश्व में सुनाई दी थी। हालांकि, बाद में बीजेपी ने भी इसका कड़ा काउंटर किया था।
इसके अलावा शराबबंदी पर भी नीतीश इन साहित्याकारों से मदद की अपेक्षा रख रहे हैं। इसके बाद आने वाले दिनों में एनजीओ, सामाजिक संगठन से भी बड़ी मीटिंग करने की योजना पर काम किया जा रहा है। इसमें भी शराबबंदी को ही थीम रखा जाएगा। पिछले हफ्ते दिल्ली में उन्होंने एक मीटिंग भी की थी जिसमें मेधा पाटकर, स्वामी अग्निवेश और दूसरे सामाजिक कार्यकर्त्ताओं ने भाग लिया था। (साभार : नवभारतटाइम्स.कॉम)






Comments are Closed

Share
Social Media Auto Publish Powered By : XYZScripts.com